Pushpa Joshi
Tuesday, February 13, 2024
ऋतुराज
प्रत्येक पर्व,उत्सव कृषि एवं कृषि उपज आधारित ही होते हैं.
पौधों में नई पत्तियां का आगमन ,फूलों में भंवरों का गुनगुनाना , प्रकृति का नवीनीकरण एवं नई शुरुआत का प्रतीक है..
आयो नवल बसंत सखी ऋतुराज कहलावे.
Faith
Pushpa
14. feb.2024
12:50
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